इटावा में मां-बेटी की गला रेतकर हत्या कर दी गई। सोमवार सुबह करीब 8 बजे दूधवाला घर पहुंचा तो काफी देर तक दरवाजा खटखटाने के बाद भी नहीं खुला। पीछे के हिस्से से अंदर झांकने पर आंगन में पुष्पा यादव (55) का शव पड़ा मिला, जबकि उनकी बेटी निर्मला उर्फ मंजू देवी (38) का शव कमरे में चारपाई पर था। चारपाई पर खून से सनी दरांती पड़ी थी और कमरे से आंगन तक खून के निशान मिले। पुलिस सर्विलांस के जरिए एक आरोपी मुकेश तक पहुंची। शाम 6 बजे मुठभेड़ में उसे गिरफ्तार कर लिया। कड़ाई से पूछताछ में उसने अपना जुर्म कबूल किया है। एसएसपी बृजेश श्रीवास्तव के मुताबिक, मंजू देवी के पति सत्येंद्र का उनसे तलाक का मुकदमा चल रहा था। 3 अगस्त को कोर्ट ने उसे मंजू को हर महीने 7 हजार रुपए भरण-पोषण देने का आदेश दिया था। पुलिस के अनुसार, इसी से नाराज होकर सत्येंद्र ने अपने दोस्त मुकेश यादव के साथ मिलकर हत्या की साजिश रची। दोनों ने पहले मां-बेटी को नशीली कोल्ड ड्रिंक पिलाकर बेहोश किया, फिर हाथ-पैर बांधकर उनकी हत्या कर दी। आरोपी मुकेश करीब 5-6 साल पहले सेना में था। चोरी के मामले में उसका कोर्ट मार्शल हुआ था। मुख्य आरोपी पति सत्येंद्र अभी फरार है। घटना भरथना थाना क्षेत्र के चंदेठी गांव की है। तस्वीरें देखिए- सिलसिलेवार पूरा मामला समझिए- सुरेश नोएडा में सिक्योरिटी गार्ड, पत्नी-बेटी गांव में रहती थीं चंदेठी गांव निवासी सुरेश चंद्र (60) नोएडा में सिक्योरिटी गार्ड की नौकरी करता है। गांव में उसकी पत्नी पुष्पा यादव और बेटी मंजू यादव रहती थीं। बड़ा बेटा नवल किशोर (28) नोएडा में ओला कैब चलाता है, जबकि छोटा बेटा नंद किशोर (30) पुणे में प्राइवेट नौकरी करता है। गांव के दूध कारोबारी राजीव ने बताया कि वह कई साल से सुरेश के घर दूध देते हैं। सोमवार सुबह करीब 8 बजे वह दूध देने पहुंचे। कई बार आवाज लगाने और गेट खटखटाने के बाद भी अंदर से कोई आवाज नहीं आई। करीब आधे घंटे बाद उन्होंने सुरेश को फोन कर पूछा कि घर में कोई नहीं है क्या। सुरेश ने बताया कि परिवार के लोग घर में ही हैं और उसे पीछे की खिड़की से अंदर झांककर आवाज लगाने को कहा। राजीव ने घर के पीछे जाकर खिड़की से अंदर देखा तो मां-बेटी के शव पड़े थे। उन्होंने तुरंत सुरेश को इसकी जानकारी दी। सूचना पर भरथना थाना प्रभारी निरीक्षक विक्रम सिंह पुलिस फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे। एसएसपी बृजेश कुमार श्रीवास्तव ने भी घटनास्थल का निरीक्षण किया। फॉरेंसिक टीम और डॉग स्क्वॉयड को बुलाया गया। दोनों शव पोस्टमॉर्टम के लिए भेजे गए। पुलिस ने चारपाई पर पड़ी खून से सनी दरांती भी जब्त कर ली। राजीव ने बताया कि वे रविवार सुबह भी दूध देने पहुंचे थे, लेकिन तब भी गेट नहीं खुला था। इसके बाद शाम करीब 5 बजे दोबारा घर गया। काफी देर तक गेट खटखटाने के बावजूद कोई बाहर नहीं आया। लगातार दो दिन तक घर का गेट नहीं खुलने से अनहोनी की आशंका हुई। 15 अगस्त की रात स्कूटी सवार को देखा गया था पड़ोसियों ने पुलिस को बताया कि 15 अगस्त की रात करीब 9 बजे एक युवक को स्कूटी से घर के बाहर आते-जाते देखा गया था। इसके बाद से न तो वह युवक दिखाई दिया और न ही घर से किसी तरह की हलचल सुनाई दी। 2021 में हुई थी मंजू की शादी, लेकिन मायके में रह रही थीं मृतका मंजू यादव की शादी वर्ष 2021 में मैनपुरी के किशनी थाना क्षेत्र निवासी सत्येंद्र कुमार उर्फ करिया से हुई थी। सतेंद्र अलीगढ़ में पंचायत राज विभाग में चतुर्थ श्रेणी का कर्मचारी हैं। दोनों की कोई संतान नहीं है। शादी के बाद ससुराल पक्ष से विवाद होने पर वह अपनी मां के साथ मायके में रह रही थी। दोनों के बीच तलाक का मुकदमा इटावा न्यायालय में विचाराधीन था। कोल्ड ड्रिंक में नशीला पदार्थ मिलाकर पिलाया पूछताछ में गिरफ्तार आरोपी मुकेश ने पुलिस को बताया कि 15 अगस्त को वह चंदेठी गांव के बाहर सत्येंद्र से मिला था। वह अपने साथ कोल्ड ड्रिंक की तीन छोटी बोतलें लेकर गया था। इनमें दो बोतलों में नशीला पदार्थ मिलाया गया था। इसके बाद मुकेश मंजू के घर पहुंचा और दोनों महिलाओं को नशीली कोल्ड ड्रिंक पिला दी। इसके कुछ देर बाद दोनों बेहोश हो गईं। दुपट्टे से हाथ-पैर बांधे, फिर गला रेत दिया एसएसपी के अनुसार, अंधेरा होने के बाद सत्येंद्र मकान के पीछे के दरवाजे से अंदर पहुंचा। वह अपने साथ चाकू और चार-पांच दुपट्टे लेकर आया था। मुकेश और सत्येंद्र ने पहले दोनों महिलाओं के हाथ-पैर दुपट्टे से बांध दिए। इसके बाद मुकेश ने मंजू की मां के पैर पकड़े और सत्येंद्र ने चाकू से उनका गला रेत दिया। इसके बाद सत्येंद्र ने मौके पर पड़ी दरांती से अपनी पत्नी मंजू का भी गला काट दिया। दोनों महिलाओं की हत्या करने के बाद सत्येंद्र ने मुकेश को फरारी काटने के लिए ढाई लाख रुपए दिए। इसके बाद मुकेश वहां से चला गया, जबकि सत्येंद्र कोल्ड ड्रिंक, दुपट्टे और अन्य सामान लेकर फरार हो गया। पुलिस ने मुठभेड़ में आरोपी को दबोचा मां-बेटी के शव मिलने की सूचना के बाद एसएसपी बृजेश कुमार श्रीवास्तव समेत पुलिस अधिकारियों ने तत्काल घटनास्थल का निरीक्षण किया। हत्याकांड के खुलासे के लिए एसओजी, सर्विलांस और भरथना थाना पुलिस की टीमें गठित की गईं। टीमों ने संदिग्धों से पूछताछ के साथ सीसीटीवी फुटेज खंगालना शुरू किया। पुलिस को सूचना मिली कि आरोपी मुकेश यादव जारपुरा से साम्हों की ओर जा रहा है। पुलिस टीमों ने रास्ते में चेकिंग शुरू कर दी। इसी दौरान लाल रंग की स्कूटी पर एक व्यक्ति आता दिखाई दिया। पुलिस ने उसे रुकने का इशारा किया तो उसने स्कूटी मोड़कर भागने का प्रयास किया। पुलिस मुठभेड़ में पैर में लगी गोली पुलिस के मुताबिक, भागने के दौरान आरोपी ने पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी। जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने फायरिंग की, जिसमें एक गोली मुकेश के दाहिने पैर में लगी। घायल अवस्था में उसे गिरफ्तार कर लिया गया। 42 साल का मुकेश मैनपुरी का रहने वाला है। पुलिस ने उसके पास से लाल रंग की स्कूटी, 2 लाख 31 हजार रुपए नकद, 315 बोर का तमंचा बरामद किया है। ———————————– ये खबर भी पढ़िए… IPS आशुतोष मिश्रा की 95 साल की मां की हत्या:शरीर से गहने लापता; अंबेडकरनगर में अकेली रहती थीं; तख्त पर मिला शव
यूपी के अंबेडकरनगर में IPS आशुतोष मिश्रा की मां इंद्रावती की हत्या कर दी गई। उनकी उम्र 95 साल थी। रविवार सुबह करीब 9 बजे शव घर के अंदर तख्त पर पड़ा मिला। मुंह से हल्का खून निकला था। शरीर से सोने के जेवर गायब थे। घर में कोई और सामान छुआ तक नहीं गया था। IPS की मां घर में अकेली रहती थीं। सुबह नौकरानी ने उन्हें मृत देखा तो आस-पास के लोगों को सूचना दी। पूरी खबर पढ़िए…
