Site icon News Hub Hindi

पूर्व नगरपालिका अध्यक्ष शिवकुमार अग्रहरी का निधन, सुलतानपुर में शोक की लहर

sultanpur shivkumar agrahari nidhan

सुलतानपुर में रविवार को एक दुखद घटना सामने आई, जिसने पूरे शहर और व्यापारी समाज को गहरे शोक में डुबो दिया। नगर कोतवाली क्षेत्र के मेजरगंज गली में रहने वाले पूर्व नगरपालिका अध्यक्ष शिवकुमार अग्रहरी का निधन हो गया। उन्हें गंभीर अवस्था में इलाज के लिए ले जाया गया था, लेकिन रास्ते में ही उनकी मौत हो गई।

परिजनों के अनुसार, शिवकुमार अग्रहरी बीते कई वर्षों से अस्वस्थ चल रहे थे। उम्र के साथ उनकी शारीरिक स्थिति कमजोर होती जा रही थी और मानसिक स्वास्थ्य को लेकर भी परेशानी बनी हुई थी। रविवार को अचानक उनकी तबीयत और स्थिति बिगड़ गई, जिसके बाद परिजन उन्हें तत्काल जिला अस्पताल लेकर पहुंचे। हालत गंभीर देख डॉक्टरों ने उन्हें मेडिकल कॉलेज रेफर किया, लेकिन अस्पताल पहुंचने से पहले ही उन्होंने दम तोड़ दिया।

घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करते हुए शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस का कहना है कि पूरे मामले की जांच की जा रही है और परिजनों के बयान दर्ज किए गए हैं।

शिवकुमार अग्रहरी का घर मेजरगंज गली में है। परिवार में उनकी पत्नी उर्मिला अग्रहरी, तीन बेटे — नवीन, प्रवीण और राजू अग्रहरी — तथा एक बेटी शिल्पी हैं। सभी संतानें विवाहित हैं। परिवार इस घटना से गहरे सदमे में है।

शिवकुमार अग्रहरी को शहर में एक सरल स्वभाव और दृढ़ विचारों वाले नेता के रूप में जाना जाता था। वे भाजपा से जुड़े प्रमुख व्यापारी नेता रहे और नगर पालिका अध्यक्ष के रूप में भी उन्होंने कार्य किया। इसके अलावा वे नगर उद्योग व्यापार मंडल और सराफा व्यापार मंडल के संरक्षक भी थे। चार दशकों से अधिक समय तक उन्होंने व्यापारियों के हितों, सम्मान और समस्याओं को लेकर सक्रिय भूमिका निभाई।

उनके निधन की खबर फैलते ही ठठेरी बाजार और मेजरगंज क्षेत्र में शोक का माहौल बन गया। उनके आवास पर शोक संवेदना व्यक्त करने वालों का तांता लगा रहा। व्यापारी समाज और स्थानीय लोगों ने उनके निधन को शहर के लिए एक बड़ी क्षति बताया और उनके योगदान को याद किया।

शिवकुमार अग्रहरी के जाने से न सिर्फ एक राजनीतिक और व्यापारी नेता का अंत हुआ, बल्कि शहर ने एक ऐसा व्यक्ति खो दिया, जिसने लंबे समय तक समाज और व्यापारिक समुदाय के लिए काम किया। उनके निधन से सुलतानपुर के सामाजिक और व्यापारिक हलकों में गहरा शोक व्याप्त है।

Exit mobile version