पंजाब की राजनीति में आगामी विधानसभा चुनावों को लेकर सरगर्मी तेज हो गई है। हाल ही में सामने आए एक मीडिया सर्वे के अनुसार, पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान के कामकाज और उनके व्यवहार से उनके क्षेत्र के लोग पूरी तरह संतुष्ट नजर आ रहे हैं। जनता उन्हें एक बार फिर से अपना विधायक के रूप में देखना चाहती है। हालांकि, मुख्यमंत्री के मंत्रियों को लेकर जनता की राय बिल्कुल अलग और चौंकाने वाली सामने आई है।
दैनिक भास्कर सर्वे में सामने आए बड़े खुलासे
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, दैनिक भास्कर ऐप की तरफ से पंजाब की सभी 117 विधानसभा सीटों पर एक विस्तृत सर्वे कराया गया था। इस सर्वे के जरिए यह जानने की कोशिश की गई कि जनता अपने मौजूदा विधायकों और मंत्रियों के काम से कितनी संतुष्ट है। सर्वे के कुल 102 सीटों के नतीजे जारी किए गए हैं, जबकि 15 सीटों पर कम मतदान या अन्य कारणों से कोई स्पष्ट नतीजा नहीं निकल सका है। इन 15 सीटों में कैबिनेट मंत्री हरपाल सिंह चीमा की दिड़बा सीट भी शामिल है।
13 मंत्रियों के कामकाज से असंतुष्ट है जनता
सर्वे के आंकड़ों के मुताबिक, आम आदमी पार्टी (AAP) सरकार के 13 मंत्रियों के क्षेत्र में रहने वाले लोगों का मानना है कि इन मंत्रियों ने विधायक और मंत्री के तौर पर अपने क्षेत्र में संतोषजनक कार्य नहीं किया है। जनता का मूड ऐसा है कि वह वर्ष 2027 के आगामी चुनावों में इन्हें दोबारा अपना विधायक नहीं चुनना चाहती है। पार्टी स्तर पर भी इसका असर देखने को मिला है, क्योंकि हाल ही में आई उम्मीदवारों की पहली सूची में इन 13 में से 12 मंत्रियों के टिकट होल्ड पर रख दिए गए हैं, और पार्टी ने केवल मुख्यमंत्री भगवंत मान के साथ संजीव अरोड़ा का टिकट घोषित किया है।
किन पार्टियों को मिल सकती है प्राथमिकता?
सर्वे के अनुसार, जिन 12 मंत्रियों के कामकाज से जनता नाखुश है, उनमें से 7 मंत्रियों के विधानसभा क्षेत्रों में लोग 2027 में भारतीय जनता पार्टी (BJP) का विधायक देखना चाहते हैं। वहीं, 5 मंत्रियों की सीटों पर लोग कांग्रेस पार्टी को अपनी पहली पसंद बता रहे हैं।
हालांकि, कुछ सीटों पर दिलचस्प रुझान भी मिले हैं। उदाहरण के लिए, लहरागागा सीट से कैबिनेट मंत्री बरिंदर गोयल के काम से लोग भले ही पूरी तरह संतुष्ट न हों, लेकिन वहां की जनता आज भी AAP को ही जिताना चाहती है, बशर्ते पार्टी किसी दूसरे चेहरे को उम्मीदवार बनाए। इसके अलावा, बरनाला सीट पर लोग अमन अरोड़ा को व्यक्तिगत रूप से पसंद करते हैं, लेकिन पार्टी के रूप में वे वहां BJP का विधायक चाहते हैं।
धूरी सीट पर सीएम भगवंत मान बने पहली पसंद
इस सर्वे की सबसे बड़ी विशेषता यह रही कि मुख्यमंत्री भगवंत मान अपनी कैबिनेट के इकलौते ऐसे सदस्य हैं, जिनकी सीट धूरी पर जनता दोबारा पूरी मजबूती के साथ उन्हीं को अपना विधायक चुनना चाहती है। इसके अलावा, सर्वे में शामिल अन्य बड़े राजनीतिक चेहरों और विपक्षी दलों के नेताओं की स्थिति का भी आंकलन किया गया, जिसमें कई दिग्गज नेताओं को लेकर जनता की अलग-अलग प्रतिक्रियाएं देखने को मिली हैं।
निष्कर्ष
पंजाब में कराए गए इस ताजा सर्वे ने साफ कर दिया है कि जहां एक तरफ मुख्यमंत्री भगवंत मान की व्यक्तिगत लोकप्रियता और उनका कार्यक्षेत्र मजबूत स्थिति में है, वहीं उनके अधिकांश मंत्रियों को अपनी कार्यशैली में सुधार करने की सख्त जरूरत है। 2027 के चुनावों से पहले इस तरह के सर्वे राजनीतिक दलों के लिए बड़ा संकेत साबित हो सकते हैं।

